देहरादून।आज नर्सिंग एकता मंच द्वारा उत्तरांचल प्रेस क्लब में एक प्रेस वार्ता का आयोजन किया गया। प्रेस वार्ता के दौरान मंच के पदाधिकारियों ने नर्सिंग भर्ती से जुड़ी समस्याओं और सरकार की नीतियों पर गंभीर सवाल उठाए।
मंच के प्रतिनिधियों ने कहा कि नर्सिंग भर्ती पहले भी वर्षवार होती रही है और आगे भी यह भर्ती वर्षवार ही होनी चाहिए, ताकि पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता बनी रहे और सभी अभ्यर्थियों को समान अवसर प्राप्त हो सके। वर्तमान भर्ती प्रक्रिया को नर्सिंग अभ्यर्थियों के हितों के विरुद्ध बताया गया।
प्रेस वार्ता में मंच ने ओवरएज अभ्यर्थियों का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया। पदाधिकारियों ने कहा कि ओवरएज अभ्यर्थियों को बीएफ भर्ती में विशेष छूट दी जानी चाहिए, क्योंकि राज्य में पिछली नर्सिंग भर्ती लगभग 12 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद आई थी, और उस भर्ती प्रक्रिया को पूरा होने में लगभग 5 वर्ष लग गए। इस प्रकार नर्सिंग अभ्यर्थियों को यह भर्ती कुल 17 वर्षों के लंबे इंतजार के बाद मिली है, जिसके कारण बड़ी संख्या में योग्य अभ्यर्थी आयु सीमा से बाहर हो गए हैं।
नर्सिंग एकता मंच ने जानकारी दी कि अपनी मांगों के समर्थन में 19 जनवरी को मुख्यमंत्री आवास का घेराव किया जाएगा। इसी दिन विरोध के प्रतीक स्वरूप सामूहिक मुंडन कार्यक्रम भी आयोजित किया जाएगा।
मंच की प्रमुख मांगों में लिखित भर्ती विज्ञप्ति को तत्काल निरस्त करना, नर्सिंग भर्ती को वर्षवार कराना, तथा IPHS मानकों के अनुसार 2500 पदों पर नई भर्ती शामिल हैं। मंच का कहना है कि राज्य में नर्सिंग स्टाफ की भारी कमी है, जिससे स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं और इसका सीधा असर आम जनता पर पड़ रहा है।
प्रेस वार्ता में अध्यक्ष नवल पुंडीर, संरक्षक विकास पुंडीर, प्रदेश मीडिया प्रभारी प्रवेश रावत, प्रदेश प्रवक्ता स्तुति सती, सोनिया नेगी, सुषमा, नीमा, लक्ष्मी, विनीता सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे।
अंत में मंच ने राज्य सरकार से मांग की कि नर्सिंग अभ्यर्थियों के भविष्य और राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए शीघ्र सकारात्मक निर्णय लिया जाए, अन्यथा आंदोलन को और अधिक व्यापक रूप दिया जाएगा।