चमोली ( प्रदीप लखेड़ा )
नंदा देवी राज जात व बड़ी नंदा देवी जात आयोजन समिति में चल रही खीचतान को लेकर प्रशासन के प्रयासों से आयोजित बैठक बेनतीजा रही। इस बैठक में नंदा देवी राज जात के पड़ावों से आए हक हकूकधारियों ने शिरकत की।
लेकिन श्री नंदा देवी राज जात समिति के पदाधिकारियों ने बैठक से दूरी बनाए रखी। इस समिति ने राज जात के आयोजन 2027 में किए जाने का निर्णय पहले ही लिया गया है।
जिलाधिकारी सभागार में आयोजित बैठक में जिलाधिकारी गौरव कुमार पुलिस अधीक्षक सुरजीत सिंह पंवार के साथ मध्यस्थता के लिए मुख्यमंत्री के समन्वयक दलवीर दानू , जिला पंचायत अध्यक्ष दौलत सिंह बिष्ट उपस्थित थे। सरकार की ओर से आए मुख्यमंत्री के समन्वयक दलवीर दानू ने व्यवस्थाओं को लेकर बातें रखी ।
उन्होंने कहा कि वर्तमान स्थिति में यात्रा को लेकर जिस प्रकार धामिZक मान्यता के अनुसार मलमास के चलते 15 दिन की देरी हुई है उससे उच्च हिमालयी क्षेत्रों में खतरे हैं। उन्होंने अनुरोध किया कि यात्रा को इस वर्ष आयोजित न करने पर सभी को सहमति देनी चाहिए । जिलाधिकारी गौरव कुमार ने भी यात्रा व्यवस्थाओं को लेकर वर्तमान में चल रहे निमाZण कायोZ की वस्तु स्थिति सामने रखी। और कहा कि यात्रा आयोजन को लेकर पुर्नविचार किया जाना चाहिए।
नंदा देवी सिद्ध पीठ कुरूड़ से आए बड़ी नंदा जात आयोजित समिति के अध्यक्ष हरेंद्र सिंह रावत ने कहा कि परंपराओं का निर्वहन जरूरी है। ऐसे में इस वर्ष ही मुर्हत के अनुसार बड़ी नंदा जात का आयोजन किया जाएगा। कहा कि महा पंचायत में लिए गए निर्णयों के अनुरूप बसंत पंचमी को कुरूड़ मंदिर में यात्रा का दिन पट्टा गौड पुजारियों द्वारा विधि विधान से जारी किया जाएगा। कहा कि यात्रा को लेकर सभी हकहकूकधारियों में उत्साह है।
अध्यक्ष ने बताया कि बधाण क्षेत्र , बंड क्षेत्र , दशोली क्षेत्र , दशमद्वार सहित अन्य देवी देवताओं के इस यात्रा में शामिल होन की सहमित मिल चुकी है। कहा कि यह यात्रा संसाधनों का नहीं बल्कि आस्था का विषय है। श्रद्धालु हकहकूकधारी यात्रा को अपने संसाधनों से पूरी करने के लिए सक्षम हैं।
इस अवसर पर नंदा देवी के खटकधारी थोकदार वीरेंद्र सिंह रावत , देवाल के प्रमुख तेजपाल सिंह , डीपी पुरोहित , सुखवीर रौतेला, नरेश प्रसाद गौड , अशोक कुमार गौड, नंदन सिंह रावत, अतुल शाह , भगवती मैंदोली , लक्ष्मण सिंह बिष्ट सहित कई लोग शामिल थे।
प्रशासन द्वारा नंदा देवी राज जात आयोजन को लेकर कुरूड़ सिद्धपीठ व कासुंवा नौटी की समिति के बीच चल रहे घमासान को लेकर प्रशासन की प्रयासों के बाद भी आयोजित बैठक में श्री नंदा देवी राज जात समिति के पदाधिकारी नहीं पहुंचे। जबकि उन्हें बैठक में बुलावा भेजा गया था। ऐसे में बैठक में समाधान का रास्ता भी आगे नहीं बढ़ पाया।
इस पूरे प्रकरण पर जिलाधिकारी क्या कहते है-
“नंदा देवी राज जात को लेकर कुरूड़ व नौटी की समिति के पदाधिकारियों की बैठक बुलाई गई थी। श्री नंदा देवी राज जात समिति के पदाधिकारियों ने पूजा कार्यक्रम का हवाला देते हुए बैठक में नहीं पहुंचे। जबकि कुरूड़ समिति के पदाधिकारियों जनप्रतिनिधियों के आगे व्यवस्थाओं को लेकर जमीनी हकीकत रखी गई है। फिलहाल आयोजन को लेकर कोई निर्णय नहीं हो पाया है।
– गौरव कुमार जिलाधिकारी चमोली